फसल नुकसान के बावजूद 6% अधिक धान खरीदी:खरीदी पर उठे सवाल, कलेक्टर ने तेजी से उठाव के दिए निर्देश

फसल नुकसान के बावजूद 6% अधिक धान खरीदी:खरीदी पर उठे सवाल, कलेक्टर ने तेजी से उठाव के दिए निर्देश




बालाघाट जिले में इस वर्ष अत्यधिक बारिश के कारण कई गाँवों में फसलों को नुकसान पहुँचा है। इसके बावजूद, धान खरीदी के अंतिम दिन से पहले जारी आँकड़ों के अनुसार, जिले में पिछले वर्ष की तुलना में 6 प्रतिशत अधिक धान की खरीदी की जा चुकी है। यह स्थिति धान खरीदी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करती है। दो दिन पूर्व ही जबलपुर से मंडला पहुँची व्यापारी की धान को बालाघाट जिले के खरीदी केंद्रों में खपाने की पुष्टि हुई थी। हालांकि, बिचौलियों के माध्यम से कितनी धान उपार्जन केंद्रों में खपाई गई है, यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। प्रशासनिक विभाग ने स्वयं 32 ट्रकों से 6 हजार क्विंटल से अधिक धान खपाए जाने की आशंका जताई है। सोमवार को कलेक्ट्रेट में आयोजित एक बैठक में अधिकारियों ने बताया कि अतिवर्षा से फसल नुकसान के बावजूद जिले में गत वर्ष की तुलना में 6 प्रतिशत अधिक धान की खरीदी हुई है। किसानों को खरीदी गई धान के एवज में 1423 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाना है, जिसमें से 1128 करोड़ रुपये के ईपीओ जारी किए जा चुके हैं और 1055 करोड़ रुपये का भुगतान किसानों को किया जा चुका है। हालांकि, अधिकारियों ने यह जानकारी नहीं दी कि कुल कितनी धान खरीदी गई है और कितना परिवहन हो चुका है। कलेक्टर मृणाल मीना ने खाद्य आपूर्ति अधिकारी को निर्देश दिए कि जिन केंद्रों पर पंजीकृत किसानों से धान की खरीदी पूरी हो चुकी है, उन्हें तत्काल बंद किया जाए। 20 जनवरी को धान खरीदी की अंतिम तिथि को देखते हुए, किसी भी केंद्र पर बारदाने की कमी के कारण खरीदी प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने खरीदी केंद्रों से धान का तेजी से उठाव कर वेयर हाउस के गोदामों तक पहुँचाने और किसानों का भुगतान शीघ्रता से करने के भी निर्देश दिए।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

India Fontline News

Subscribe Our NewsLetter!