25 youths created ruckus in Ludhiana, VIDEO | लुधियाना में 25 युवकों ने किया हंगामा, VIDEO: घर-दुकान और कार में तोड़फोड़, महिला के पैर में फ्रैक्चर, बोली- पत्थर-बोतलें फेंकी – Ludhiana News
घर पर हमला करने पहुंचे आरोपी सीसीटीवी कैमरें में कैद।
लुधियाना में हैबोवाल इलाके मेंबीती रात कानून-व्यवस्था पूरी तरह बेपटरी नजर आई। करीब 20 से 25 युवक बाइक, एक्टिवा और कारों में सवार होकर हथियारों के साथ एक परिवार के घर पर टूट पड़े। तलवारें, कृपाण, पत्थर और शराब की भरी बोतलों से घंटों तक तोड़फोड़ होती र
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पीड़ित महिला बलजिंदर कौर ने बताया कि हमला रात करीब 9:30 बजे शुरू हुआ और तड़के 4:30 बजे तक रुक-रुक कर चलता रहा। इस दौरान दो मकानों और एक दुकान को निशाना बनाया गया। गेट, खिड़कियां, शीशे, दरवाजे, दुकान का सामान, मोटरसाइकिल और कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दी गई। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है।
बदमाशों ने कार को काटा।
छोटे बच्चे थे घर में, फिर भी नहीं बख्शा
बलजिंदर कौर के मुताबिक, एक मकान उनका अपना है, जबकि दूसरा किराए पर दिया हुआ है, जहां छोटे-छोटे बच्चे रहते हैं। इसके बावजूद हमलावरों ने पत्थरबाजी और बोतलें फेंकने से परहेज नहीं किया। पत्थर लगने से उनके पैर में गंभीर चोट आई और फ्रैक्चर हो गया।
पांच बार हमला, कई बार पुलिस को कॉल किया
घटना के दौरान पीड़ित परिवार ने कई बार 100 नंबर पर फोन किया। पुलिस की टीमें मौके पर आईं और गश्त भी की गई, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब हमला पूरी रात चलता रहा और एक ही परिवार को पांच बार निशाना बनाया गया, तो थाना प्रभारी खुद मौके पर क्यों नहीं पहुंचे? स्थानीय लोगों का कहना है कि बदमाशों ने लगातार मोहल्ले में ईंट पत्थर चलते रहे पर कोई भी पुलिस अधिकारी वहां मे इलाके में नहीं आया
घर के बाद पड़ी बोतलें।
पुलिस का दावा—जल्द होगी गिरफ्तारी
मामले में एएसआई करमजीत सिंह ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर रही है। उन्होंने कहा कि उपद्रवियों को जल्द से जल्द काबू कर गिरफ्तार किया जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इलाके में गुस्सा, प्रशासन से जवाब की मांग
मुहल्ला निवासी निर्मल ने बताया कि हमलावर टोलियों में आते रहे और बार-बार पत्थर व शराब की बोतलें फेंकते रहे। कई घरों को नुकसान पहुंचा। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपियों पर सख्त कार्रवाई हो और यह भी स्पष्ट किया जाए कि इतनी बड़ी घटना के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी मौके पर क्यों नहीं पहुंचे।

