Sunday on Cycle initiative completes one year | संडे ऑन साइकिल पहल का एक साल पूरा: महाप्रबंधक ने दिखाई झंडी, NCR ने दिया फिटनेस और पर्यावरण का संदेश – Prayagraj (Allahabad) News
सचिन प्रजापति | प्रयागराज3 मिनट पहले
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फिट इंडिया मिशन के अंतर्गत संचालित ‘संडे ऑन साइकिल’ पहल के सफलतापूर्वक एक वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर रविवार को उत्तर मध्य रेलवे की ओर से प्रयागराज में विशेष साइकिल रैली का आयोजन किया गया। यह रैली रेल गाँव, सूबेदारगंज स्थित परिसर से निकाली गई, जिसमें रेलवे अधिकारियों, कर्मचारियों और उनके परिजनों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर स्वस्थ जीवनशैली का संदेश दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह ने हरी झंडी दिखाकर किया। इस अवसर पर रेलवे के अन्य प्रधान विभागाध्यक्ष भी मौजूद रहे। रैली के दौरान प्रतिभागियों ने फिटनेस और पर्यावरण संरक्षण के संदेश वाले बैनर और पोस्टर लेकर लोगों को जागरूक किया। साइकिल रैली पूरे अनुशासन और उत्साह के साथ संपन्न हुई।
महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह ने फिट इंडिया मिशन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि स्वस्थ रहने के लिए दैनिक जीवन में साइकिल का अधिक से अधिक उपयोग और पैदल चलने की आदत को अपनाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि नियमित रूप से साइकिल चलाने से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर होता है, बल्कि मानसिक तनाव भी कम होता है। इसके साथ ही यह पहल प्रदूषण कम करने और पर्यावरण संरक्षण में भी अहम भूमिका निभाती है।
उन्होंने रेलवे अधिकारियों और कर्मचारियों से अपील की कि वे सप्ताह में कम से कम एक दिन कार्यालय आने-जाने के लिए साइकिल का प्रयोग करें। महाप्रबंधक ने कहा कि जीवनशैली में किए गए छोटे-छोटे बदलाव पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा योगदान दे सकते हैं। यदि अधिक लोग साइकिल और पैदल चलने को अपनाएं तो ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण में भी कमी आएगी।
कार्यक्रम के दौरान यह भी बताया गया कि उत्तर मध्य रेलवे अपने कर्मचारियों और उनके परिवारों को स्वास्थ्य, अनुशासन और स्वच्छ वातावरण के प्रति लगातार जागरूक कर रहा है। फिट इंडिया मिशन के तहत ऐसे आयोजनों का उद्देश्य लोगों को सक्रिय जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है।
उत्तर मध्य रेलवे ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी इसी तरह के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि समाज में फिटनेस, पर्यावरण संरक्षण और अनुशासन के प्रति सकारात्मक सोच विकसित हो सके।

