SBI का दावा- लोन और EMI फिर महंगे होंगे:RBI रेपो रेट 0.50% तक बढ़ा सकता है, क्रूड ऑयल 100 डॉलर पार होने से महंगाई बढ़ेगी




आने वाले दिनों में होम लोन और कार लोन महंगा हो सकता है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने अपनी रिसर्च में दावा किया है कि रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया रेपो रेट बढ़ा सकता है। रिपोर्ट के मुताबिक, RBI अक्टूबर की क्रेडिट पॉलिसी में रेपो रेट 0.25% बढ़ा सकता है, इसके बाद दिसंबर में भी इतनी ही बढ़ोतरी कर सकता है। यानी 0.50% तक रेपो रेट बढ़ सकते हैं। आम आदमी की जेब पर क्या असर पड़ेगा? RBI के रेपो रेट में किसी भी बदलाव का सीधा असर कर्जदारों और बैंक में FD कराने वालों पर पड़ता है: SBI का दावा: महंगाई के कारण रेपो रेट बढ़ाना जरूरी 2026 में रेपो रेट 5.25% पर स्थिर अगस्त में हुई मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी की बैठक में RBI ने रेपो रेट को लगातार चौथी बार 5.25% पर स्थिर रखा था। हालांकि, अब अक्टूबर 5 से 7 के बीच होने वाली अगली MPC बैठक में दरें बढ़ाना लगभग तय माना जा रहा है। रिजर्व बैंक रेपो रेट बढ़ाता और घटाता क्यों है? रेपो रेट महंगाई से लड़ने का टूल है। जब महंगाई ज्यादा होती है, तो सेंट्रल बैंक इसे बढ़ाकर इकोनॉमी में मनी फ्लो कम करने की कोशिश करता है। पॉलिसी रेट ज्यादा होगी तो बैंकों को सेंट्रल बैंक से मिलने वाला कर्ज महंगा होगा। बदले में बैंक ग्राहकों के लिए लोन महंगा कर देते हैं। इससे इकोनॉमी में मनी फ्लो कम होता है। मनी फ्लो कम होने पर डिमांड घटती है और महंगाई कम हो जाती है। जब इकोनॉमी बुरे दौर से गुजरती है, तो रिकवरी के लिए मनी फ्लो बढ़ाने की जरूरत पड़ती है। ऐसे में सेंट्रल बैंक पॉलिसी रेट कम कर देता है। इससे बैंकों को सेंट्रल बैंक से मिलने वाला कर्ज सस्ता हो जाता है और ग्राहकों को भी सस्ती दर पर लोन मिलता है। —————- ये खबर भी पढ़ें… ड्रोन हमले के बाद सऊदी ने तेल पाइपलाइन बंद की: होर्मुज बंद होने के बाद इसी से रोजाना 50 लाख बैरल तेल भेज रहा था सऊदी अरब ने ड्रोन हमले के बाद अपनी ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन बंद कर दी है। गुरुवार को हुए ड्रोन हमले में पाइपलाइन से जुड़े पंपिंग स्टेशनों में आग लग गई और कुछ लोग घायल हुए। ईरान जंग के चलते होर्मुज बंद होने के बाद सऊदी इसी पाइपलाइन से रोजाना करीब 50 लाख बैरल तेल भेज रहा था। सऊदी ऊर्जा मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि पाइपलाइन पर गुरुवार को कई हमले हुए थे। पूरी खबर पढ़ें…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

India Fontline News

Subscribe Our NewsLetter!