CM बोले- हिमाचली होगा राज्यसभा सांसद:आनंद शर्मा-धनीराम शांडिल की दावेदारी मजबूत, कल भरे जाएंगे नामांकन, कैंडिडेट का औपचारिक ऐलान अभी नहीं
हिमाचल सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्यसभा चुनाव के लिए प्रत्याशी हिमाचली होगा। जल्द उम्मीदवार के नाम की घोषणा कर दी जाएगी। उन्होंने कहा- सत्तारूढ़ कांग्रेस को कोई डर नहीं है और पिछले राज्यसभा चुनाव की तरह इस बार लोकतंत्र को खरीदने नहीं देंगे। सीएम के ताजा बयान के बाद तय माना जा रहा है कि जो भी प्रत्याशी होगा, वह गैर हिमाचली नहीं होगा। इसके बाद अब पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा और स्वास्थ्य मंत्री धनीराम शांडिल को राज्यसभा सांसद का मजबूत दावेदार माना जा रहा है। हालांकि, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं 6 बार के सीएम वीरभद्र सिंह की धर्मपत्नी प्रतिभा सिंह को भी दावेदार माना जा रहा है। मगर सीएम सुक्खू ने आनंद शर्मा और धनीराम शांडिल के नाम की पैरवी की है। राज्यसभा सांसद की दौड़ में शामिल आनंद शर्मा बीती शाम को ही कसौली पहुंच गए हैं। उनके कुछ देर बाद शिमला पहुंचने की संभावना है। सियासी गलियारों में चर्चा है कि कांग्रेस हाईकमान आनंद शर्मा को ही प्रत्याशी बना सकता है। सीएम ने आनंद शर्मा के बाद पैनल में दूसरे नंबर पर स्वास्थ्य मंत्री धनीराम शांडिल का नाम दिया है। धनीराम शांडिल के राज्यसभा जाने की भी खूब चर्चाएं आनंद शर्मा सीएम सुक्खू के शुरू से ही करीबी रहे हैं। इसलिए, उनकी संभावनाएं प्रबल है। मगर धनीराम शांडिल को भी राज्यसभा भेजकर सीएम सुक्खू कैबिनेट में संतुलन बनाना चाहते हैं। वर्तमान में सुक्खू कैबिनेट में अकेले शिमला संसदीय क्षेत्र से 5 मंत्री है, जबकि 3 अन्य संसदीय क्षेत्र से सीएम-डिप्टी सीएम को मिलाकर 6 मंत्री है। ऐसे में यदि धनीराम शांडिल राज्यसभा भेजे गए तो सुक्खू कैबिनेट में कांगड़ा जिला को एक और मंत्री पद मिल सकता है। इस वजह से धनीराम शांडिल के मंत्री बनने की ज्यादा चर्चाएं हैं। ये नाम भी चर्चा में इनके अलावा, पूर्व मंत्री आशा कुमार, एडवोकेट जनरल अनूप रत्न और सीएम के आईटी सलाहाकर गोकुल बुलेट का नाम भी चर्चा में है। गैर हिमाचली नेताओं में कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत, पवन खेड़ा और हिमाचल कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल का नाम है। कांग्रेस हाईकमान इन तीनों में किसी एक को हिमाचल से राज्यसभा भेजना चाह रहा है। मगर हिमाचल कांग्रेस के नेताओं ने हिमाचली को ही राज्यसभा भेजने की पैरवी की है, क्योंकि फरवरी 2024 के चुनाव में भी कांग्रेस हाईकमान ने बाहरी एवं सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट अभिषेक मनु सिंघवी को प्रत्याशी दिया था। इसके बाद सत्तारूढ़ कांग्रेस बहुमत के बावजूद चुनाव हार गई थी। तब कांग्रेस के 6 विधायकों ने बीजेपी प्रत्याशी के पक्ष में क्रॉस वोट किया। हालांकि, बाहरी कांग्रेस नेताओं पर हिमाचल के नेता सहमत नहीं है। इस बीच सीएम सुक्खू ने कल कांग्रेस विधायक दल की मीटिंग बुलाई है। यह मीटिंग नामांकन से पहले होगी। संभव है कि इसी मीटिंग में प्रत्याशी के नाम का ऐलान हो। कल भरे जाने है नामांकन राज्यसभा चुनाव के लिए कल (5 मार्च को) नामांकन भरे जाने है। मगर कांग्रेस ने अभी भी प्रत्याशी को लेकर अपने पत्ते नहीं खोले। 6 मार्च को इनकी छंटनी होनी और 16 मार्च को मतदान होना है। इस बीच सीएम ने कल कांग्रेस विधायक दल की मीटिंग बुलाई है। इसमें भी प्रत्याशी के नाम का ऐलान हो सकता है।
Source link

