Ketan Agarwal Murder Case; Siya Goyal Search Raja Raghuvasnshi Case
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पुणे11 मिनट पहले
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पुणे की वडगांव कोर्ट ने 3 जुलाई को सिया गोयल और चेतन चौधरी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
पुणे के लोहगढ़ में केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच में पता चला है कि मुख्य आरोपी सिया गोयल ने वारदात से पहले इंटरनेट पर इंदौर के राजा रघुवंशी हत्याकांड की जानकारी जुटाई थी।
पुलिस के मुताबिक सिया ने इंटरनेट पर यह भी सर्च किया था कि ‘क्या पुलिस कस्टडी में महिलाओं के साथ मारपीट होती है’। यह पूरी जानकारी सिया के दोनों मोबाइल की सर्च हिस्ट्री से मिली।
पुलिस 2 दिन पहले सिया को उसके घर लेकर गई थी, जहां उसके बेडरूम से दूसरा मोबाइल भी जब्त किया है। घटना वाले दिन के कुछ चश्मदीद भी मिले हैं, जिनके बयान जांच को और मजबूत कर रहे हैं।
18 जून को सिया और चेतन ने केतन को पुणे के लोहगढ़ फोर्ट से 400 फीट गहरी खाई में धक्का देकर मार डाला। फिलहाल दोनों 16 जुलाई तक येरवदा जेल में न्यायिक हिरासत में हैं।
हत्या के दूसरे दिन पिता से बोली सिया- हिम्मत रखिए, केतन हमें ऊपर से देख रहा है
पुलिस के अनुसारअगले ही दिन सिया केतन के घर पहुंची और उसके पिता को सांत्वना देते हुए कहा, ‘केतन हमें ऊपर से देख रहा है, हिम्मत रखिए।’ जांच में सामने आया कि 18 से 23 जून तक दोनों आरोपी सामान्य जिंदगी जीते रहे और गिरफ्तारी के बाद भी उनके चेहरे पर पछतावा नहीं दिखा।
पुलिस की जांच में यह भी पता चला कि केतन की हत्या में साथ देने वाला दूसरा आरोपी चेतन चौधरी एक ही मोबाइल में दो नंबर इस्तेमाल कर सिया से कोड वर्ड में बात करता था।
तस्वीर नवंबर 2025 की है। तब सिया और केतन अग्रवाल की सगाई हुई थी। सिया ने केतन की पहनाई अंगूठी दिखते हुए तस्वीर भी खिंचाई थी।
प्लानिंग से मर्डर तक 19 दिन में घटना को अंजाम दिया
- 31 मई: सिया को केतन की हत्या का प्लान सूझा: 11 फरवरी को सगाई के बाद केतन, सिया को घर लेकर आता था, साथ घुमाने ले जाता था। उसे ट्रैकिंग यानी पहाड़ी चढ़ने का शौक था। उसने सिया से ट्रैकिंग के लिए लोहगढ़ किले चलने को कहा। यहीं सिया को केतन की हत्या का प्लान सूझा।
- 5 जून: किले पर जाने की जिद की, केतन नहीं गया: सिया ने 4 जून को केतन से दोबारा लोहगढ़ फोर्ट जाने की जिद की। केतन नहीं माना। 6 जून को केतन, उनकी बहन, एक दोस्त और सिया के इंडोनेशिया के बाली जाने के टिकट बुक थे। पुणे पुलिस के मुताबिक बाली न जाना पड़े, इसलिए सिया ने केतन का पासपोर्ट छिपा लिया।
- 14 जून: दूसरी कोशिश, धक्का दिया, लेकिन केतन बच गया: सिया ने केतन से दोबारा किले पर चलने को कहा। पुलिस के मुताबिक 14 जून को दोनों लोहगढ़ पहुंचे। सिया ने केतन को धक्का दिया। लेकिन पेड़ का सहारा मिलने से केतन बच गया। उसने पूछा- धक्का क्यों दिया? सिया ने कहा, ‘एक सांप था, तुम्हें उससे बचाने के लिए धक्का दिया।’ केतन ने घर आकर सबको बताया कि सिया की वजह से उसकी जान बच गई।
- 18 जून: तीसरी कोशिश में बॉयफ्रेंड के साथ मिलकर धक्का दिया: 19 जून को सिया का जन्मदिन मनाने के लिए केतन ने महाबलेश्वर में एक लग्जरी रिजॉर्ट बुक किया था। सिया ने उससे पहले केतन को प्री-वेडिंग फोटोशूट की बात कहकर लोहगढ़ किले पर जाने के लिए मना लिया। इस बार पीछे-पीछे चेतन भी था। एक जगह जब केतन पहाड़ियों की तरफ देख रहा था, तभी दोनों ने उसे पीछे से धक्का दे दिया।
अब पढ़ें राजा रघुवंशी मर्डर केस के बारे में…
इंदौर के कारोबारी राजा रघुवंशी और सोनम की 11 मई 2025 को शादी हुई। शादी के कुछ ही दिनों बाद मेघालय में हनीमून पर गए। 23 मई 2025 को होमस्टे से निकलने के बाद दोनों लापता हो गए। 2 जून 2025 को सोहरा के वेई सावडोंग फॉल्स के पास गहरी खाई से राजा का शव मिला।
तस्वीर में सबसे पहले राजा रघुवंशी हैं। बीच में आरोपी पत्नी सोनम और सबसे आखिर में राज कुशवाहा है।
पुलिस का आरोप है कि उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी ने प्रेमी राज कुशवाहा और अन्य लोगों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। सभी आरोपी दोषी हैं या नहीं, इसका अंतिम निर्णय अभी अदालत को करना है।
फिलहाल मेघालय हाईकोर्ट से सोनम रघुवंशी को जमानत मिल गई है। राजा रघुवंशी के परिवार ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।

