Spirit Airlines Shuts Down | CEO Says No Money Left; Old Airline

Spirit Airlines Shuts Down | CEO Says No Money Left; Old Airline


वॉशिंगटन27 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

एयरलाइन मुख्य रूप से उन लोगों के लिए थी जो कम बजट में फ्लोरिडा और कैरिबियन देशों की यात्रा करना चाहते थे।

अमेरिकी एयरलाइन कंपनी स्पिरिट एयरलाइंस ने वित्तीय संकट और ईंधन की कीमतों में अचानक आए उछाल के कारण अपना कामकाज पूरी तरह बंद कर दिया है। कंपनी ने 2 मई 2026 को आधिकारिक तौर पर अपने सभी ऑपरेशंस को सस्पेंड करने की घोषणा की।

CEO बोले- हमारे पास पैसे नहीं बचे थे

स्पिरिट एयरलाइंस के प्रेसिडेंट और CEO डेव डेविस ने कहा कि पिछले कुछ हफ्तों में ईंधन की कीमतों में हुई बेतहाशा बढ़ोतरी ने कंपनी को इस मोड़ पर खड़ा कर दिया है।

बिजनेस को चालू रखने के लिए करोड़ों डॉलर की नकदी की जरूरत थी, जो कंपनी के पास नहीं थी। उन्होंने इसे एक ‘दुखद अंत’ बताया और कहा कि 34 साल से सस्ती हवाई यात्रा देने वाली एयरलाइन के पास अब ऑपरेशंस बंद करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था।

स्पिरिट एयरलाइंस की शुरुआत 1983 में एक ट्रकिंग कंपनी ‘चार्टर वन’ के तौर पर हुई थी। 1992 में इसे रीब्रांड कर स्पिरिट एयरलाइंस बनाया गया।

एयरलाइन के बंद होने की तीन बड़ी वजहें

1. कच्चा तेल महंगा होने से बिजनेस मॉडल गड़बड़ा गया था

अमेरिका और ईरान की जंग ने स्पिरिट एयरलाइंस की मुश्किलें बढ़ा दीं थी। मार्च में हॉर्मुज स्ट्रेट के बंद होने से ब्रेंट क्रूड ऑयल 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया है।

जेट फ्यूल महंगा होने के बाद प्रीमियम एयरलाइंस ने तो टिकट महंगी कर इसकी भरपाई कर ली, लेकिन स्पिरिट जैसी बजट एयरलाइन के पास कीमतें बढ़ाने की गुंजाइश नहीं थी।

2. ट्रम्प प्रशासन के साथ 500 मिलियन डॉलर की डील फेल

ट्रम्प प्रशासन स्पिरिट एयरलाइंस को बचाने के लिए करीब ₹4,700 करोड़ का बेलआउट पैकेज देने पर विचार कर रहा था। डील के तहत सरकार एयरलाइन में 90% हिस्सेदारी लेती।

हालांकि, सिटाडेल और एरेस मैनेजमेंट कॉर्प जैसे बड़े बॉन्डहोल्डर्स ने सरकारी शर्तों को मानने से इनकार कर दिया। इस वजह से यह डील फेल हो गई और एयरलाइन को बंद करना पड़ा।

ट्रम्प प्रशासन के साथ डील शनिवार सुबह फेल हो गई और एयरलाइन को बंद करना पड़ा।

3. 2020 से अब तक 2.5 बिलियन डॉलर का नुकसान

कंपनी की हालत लंबे समय से खराब थी। 2020 से अब तक कंपनी को 2.5 बिलियन डॉलर यानी, करीब 24 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा का घाटा हो चुका था। पिछले साल कंपनी ने करीब 4 हजार कर्मचारियों की छंटनी की थी और 200 रूट बंद कर दिए थे।

  • 2022 में फ्रंटियर एयरलाइंस और फिर जेटब्लू के साथ मर्जर की कोशिशें नाकाम रहीं।
  • बाइडन प्रशासन ने 2024 में जेटब्लू के साथ मर्जर को ब्लॉक कर दिया था।
  • कंपनी के कई विमानों के इंजनों में आई खराबी के कारण दर्जनों जेट्स ग्राउंडेड थे
  • फरवरी 2026 तक कंपनी की मार्केट हिस्सेदारी गिरकर मात्र 3.9% रह गई थी।

फ्लाइट कैंसिल होने के बाद महंगी टिकटें खरीदी

अचानक फ्लाइट्स कैंसिल होने से यात्रियों को नुकसान उठाना पड़ा। नैशविले की अमांडा डेनियल ने बताया कि उन्हें फ्लोरिडा जाना था, लेकिन फ्लाइट कैंसिल होने का मैसेज मिला। उन्हें दूसरी एयरलाइन में 1000 डॉलर से ज्यादा खर्च कर टिकट लेनी पड़ी।

अचानक फ्लाइट्स कैंसिल होने से यात्रियों को नुकसान उठाना पड़ा।

क्रेडिट कार्ड वालों को राहत, पॉइंट्स और वाउचर डूबे

एयरलाइन ने साफ किया है कि जिन लोगों ने क्रेडिट कार्ड से पेमेंट किया है, उन्हें रिफंड उसी मोड में वापस मिल जाएगा। हालांकि, जिन यात्रियों ने वाउचर, क्रेडिट या एयरलाइन पॉइंट्स के जरिए बुकिंग की थी, उन्हें अब दिवालियापन अदालत की प्रक्रिया का हिस्सा बनना होगा। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि ‘फ्री स्पिरिट पॉइंट्स’ अब मान्य नहीं हैं और इनकी वैल्यू शून्य हो गई है।

‘स्पिरिट इफेक्ट’ खत्म होने से महंगी हो सकती है हवाई यात्रा

विशेषज्ञों का मानना है कि स्पिरिट एयरलाइंस के जाने से अमेरिका में हवाई सफर महंगा होगा। इसे ‘स्पिरिट इफेक्ट’ कहा जाता था, जिसके तहत स्पिरिट की कम कीमतों को देखकर दूसरी बड़ी एयरलाइंस भी अपने रेट कम रखती थीं। अब प्राइस बढ़ सकता है।

ट्रकिंग कंपनी ‘चार्टर वन’ के तौर पर हुई थी कंपनी

स्पिरिट एयरलाइंस की शुरुआत 1983 में एक ट्रकिंग कंपनी ‘चार्टर वन’ के तौर पर हुई थी। 1992 में इसे रीब्रांड कर स्पिरिट एयरलाइंस बनाया गया।

यह एयरलाइन मुख्य रूप से उन लोगों के लिए थी जो कम बजट में फ्लोरिडा और कैरिबियन देशों की यात्रा करना चाहते थे। CEO डेव डेविस ने कहा कि उन्होंने बॉन्डहोल्डर्स के साथ मिलकर कंपनी को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन बदलती वैश्विक परिस्थितियों के आगे वे टिक नहीं सके।

नॉलेज पार्ट: अगर आपकी एयरलाइन बंद हो जाए तो क्या करें?

चार्जबैक फाइल करें: अगर आपने क्रेडिट कार्ड से टिकट बुक की है, तो बैंक से ‘चार्जबैक’ के लिए संपर्क करें। यह रिफंड पाने का सबसे तेज तरीका है।

ट्रैवल इंश्योरेंस: अपनी पॉलिसी चेक करें कि क्या उसमें ‘इन्सॉल्वेंसी’ या ‘सर्विस सीज’ (सेवा बंद होना) कवर है।

खबरें और भी हैं…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

India Fontline News

Subscribe Our NewsLetter!