‘मातृशक्ति के सपनों से खिलवाड़’, भदेल ने विपक्ष को घेरा:कहा- राजनीतिक स्वार्थ को दी प्राथमिकता, नारी शक्ति वंदन अधिनियम रोकना महिलाओं का अपमान

‘मातृशक्ति के सपनों से खिलवाड़’, भदेल ने विपक्ष को घेरा:कहा- राजनीतिक स्वार्थ को दी प्राथमिकता, नारी शक्ति वंदन अधिनियम रोकना महिलाओं का अपमान




अजमेर दक्षिण विधायक अनिता भदेल ने मंगलवार को संविधान संशोधन विधेयक 2026, परिसीमन विधेयक 2026 और केंद्र शासित प्रदेश कानून विधेयक को लेकर विपक्ष के रुख पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की ओछी राजनीति के चलते महिला आरक्षण से जुड़ी पहल रुक गई, जिससे देश की करोड़ों महिलाओं की उम्मीदों को झटका लगा है। भदेल ने कहा कि केंद्र सरकार महिलाओं को संसद और विधानसभाओं में पर्याप्त प्रतिनिधित्व देने के उद्देश्य से “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” लाई थी, लेकिन कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने इसका समर्थन नहीं कर महिलाओं की आकांक्षाओं के प्रति अपनी उदासीनता दिखाई। उन्होंने इसे लोकतंत्र के इतिहास का शर्मनाक पल बताते हुए कहा कि सदन में विधेयक रुकने के बाद विपक्ष द्वारा जश्न मनाना महिलाओं का अपमान है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने ओबीसी महिला, परिसीमन और दक्षिण भारत के नाम पर भ्रम फैलाकर क्षेत्रीय भावनाएं भड़काने का प्रयास किया। वहीं राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वे इतने गंभीर मुद्दे पर जिम्मेदारी से बोलने के बजाय हल्की टिप्पणी करते नजर आए। भदेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर सभी दलों से समर्थन की अपील की थी, लेकिन विपक्ष महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर भी राजनीति करता नजर आया। उन्होंने कहा कि सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लगातार काम कर रही है और आगे भी इस दिशा में प्रयास जारी रहेंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि लोकसभा में अवरोध के बावजूद केंद्र सरकार नारी सम्मान और सामाजिक न्याय की इस लड़ाई को आगे बढ़ाती रहेगी और आने वाले समय में इसे पूरा किया जाएगा।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

India Fontline News

Subscribe Our NewsLetter!