बेगूसराय में गोली मारकर किसान की हत्या:सिर-गर्दन में दागी 4 बुलेट, धारदार हथियार से भी वार; 4 लाख के विवाद में वारदात की आशंका
बेगूसराय में बुधवार देर रात अपराधियों ने गोली मारकर एक किसान की हत्या कर दी। गोली मारने के बाद धारदार हथियार से हमला कर मौत के घाट उतार दिया। मृतक की पहचान कविया निवासी सुनील सिंह (58) के रूप में हुई है। घटना भगवानपुर थाना क्षेत्र की है। रात करीब 10:30 बजे सनगाहा बांध के किनारे अपराधियों ने इस खूनी खेल को अंजाम दिया। घटनास्थल सुनील सिंह के घर से महज एक किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। वारदात के समय वह किसी काम से उधर गए थे या उन्हें वहां साजिश के तहत बुलाया गया था, पुलिस इसकी जांच कर रही है। पेट, सिर और गर्दन पर मारी गोली हत्या की खबर परिजनों और ग्रामीणों को करीब आधे घंटे बाद मिली। जैसे ही हत्या की सूचना मिली बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे। मृतक के भतीजा श्याम किशोर सिंह ने बताया कि मेरे चाचा पर बेहद करीब से हमला किया गया। अपराधियों ने उनके पेट, सिर और गर्दन को निशाना बनाकर चार गोलियां मारी। गोली मारने के बाद भी जब अपराधियों का मन नहीं भरा, तो उन्होंने किसी धारदार हथियार से उनके शरीर पर गहरे घाव किए। घटनास्थल पर चारों तरफ खून बिखरा पड़ा था, जो वारदात की भयावहता को बयां कर रहा था। स्थानीय लोगों ने बताया कि देर रात अचानक ताबड़तोड़ गोली चलने की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद गांव में हड़कंप मच गया। 4 लाख का बकाया और शक के घेरे में गांव का ‘झुनझुन’ इस खूनी वारदात के पीछे के कारणों को खंगालने पर एक गहरा वित्तीय और भूमि विवाद सामने आया है। ग्रामीणों और मृतक के भतीजा के अनुसार सुनील सिंह खेती-बाड़ी के साथ-साथ जरूरतमंदों को ब्याज पर पैसे देने का काम भी करते थे। गांव के ही अभिषेक कुमार उर्फ झुनझुन ने करीब 12 साल पहले सुनील सिंह से चार लाख रुपए उधार लिए थे। लंबे समय बीत जाने के बाद भी अभिषेक वह रकम वापस नहीं कर रहा था। जब सुनील सिंह ने अपनी रकम वापस पाने के लिए उस पर अत्यधिक दबाव बनाना शुरू किया, तो अभिषेक ने पैसों के एवज में अपनी जमीन सुनील सिंह के नाम लिखने का वादा किया था। लेकिन वह लगातार टालमटोल करता रहा। न तो उसने पैसे लौटाए, न ही जमीन की रजिस्ट्री किया।
परिवार पर पहले ही टूटा था दुखों का पहाड़ इस घटना ने एक हंसते-खेलते और पहले से ही प्रताड़ित परिवार को पूरी तरह तोड़कर रख दिया है। मृतक सुनील सिंह पिछले चार वर्षों से पूरी तरह खेती-बाड़ी पर निर्भर थे और इसी से अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। सुनील सिंह के दो बेटे थे, लेकिन दोनों की पहले ही मौत हो चुकी है। एक बेटे की मौत तीन वर्ष की उम्र में बीमारी से और दूसरे ने 18 वर्ष की उम्र मौत हो गई। छानबीन में जुटी पुलिस हत्या की सूचना मिलते ही भगवानपुर पुलिस मौके पर पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए तेघड़ा डीएसपी कृष्ण कुमार एवं एसपी मनीष भी खुद दलबल के साथ पहुंचे। अधिकारियों ने बारीकी से घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य जुटाए। इसके बाद पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है।
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